आन्रि बर्गसां

हेनरी बर्गसाँ (1859-1941) फ्रांस के प्रख्यात यहूदी दार्शनिक, लेखक और वक्ता थे, जिन्हें 1927 में साहित्य का नोबेल पुरस्कार प्रदान किया गया। पेरिस में जन्मे बर्गसाँ ने इकोले नॉर्मल सुपीरियर में दर्शनशास्त्र का अध्ययन किया और हेराक्लाइटस तथा ज़ीनो के विचारों से प्रभावित होकर दर्शन और विज्ञान का गहन अध्ययन किया। उनकी प्रमुख कृतियों में 'टाइम एंड फ्री विल' (1910) और 'मैटर एंड मेमोरी' (1911) शामिल हैं, जिनमें उन्होंने समय, चेतना और स्मृति की मौलिक व्याख्या करते हुए बताया कि आंतरिक अनुभवों की अनेकता गुणात्मक होती है और सत्ताकाल सावयव है। इसके अलावा, उन्होंने 'हास्य' (1900) नामक पुस्तक भी लिखी। 1930 में फ्रांस ने उन्हें अपना सर्वोच्च नागरिक सम्मान 'ग्रैंड-क्रोइक्स डे ला लीजन डी'ऑनर' प्रदान किया।