बैंक ऑफ भूटान

बैंक ऑफ भूटान भूटान का सबसे पुराना और सबसे बड़ा वाणिज्यिक बैंक है, जिसकी स्थापना मई 1968 में एक शाही चार्टर के तहत की गई थी। यह 1982 तक देश का एकमात्र केंद्रीय बैंक रहा, जिसके बाद इसका वाणिज्यिक बैंक के रूप में पुनर्गठन किया गया। पूरे देश में 47 से अधिक शाखाओं वाला यह बैंक भूटान में सबसे पहले एटीएम, इंटरनेट बैंकिंग और पॉइंट-ऑफ-सेल सेवाएं शुरू करने के लिए जाना जाता है। जुलाई 2017 तक बैंक की कुल संपत्ति 47.7 मिलियन नंगल्ट्रम (लगभग 750,000 USD) तक पहुंच गई, जिसमें 41% जमा और 32% ऋण की हिस्सेदारी देश की अर्थव्यवस्था में शामिल है। इसका 80% स्वामित्व ड्रुक होल्डिंग एंड इंवेस्टमेंट्स (सरकारी स्वामित्व) के पास है और शेष 20% भारतीय स्टेट बैंक के पास है, जो इसे एक मजबूत सार्वजनिक-निजी साझेदारी वाला संस्थान बनाता है। इसके अलावा, यह अमेरिकी डॉलर, यूरो और जापानी येन जैसी प्रमुख विदेशी मुद्राओं के लिए एक अधिकृत व्यापारी भी है, जो देश के वित्तीय केंद्र के रूप में इसकी अहमियत को रेखांकित करता है।