बंधक बीमा

गृह ऋण बीमा (होम लोन इंश्योरेंस) का सारांश:

  • गृह ऋण बीमा (बंधक बीमा) बैंकों द्वारा गृह ऋण स्वीकृत करते समय मांगी जाने वाली एक सुरक्षा गारंटी है, जो उधारकर्ता की मृत्यु, नौकरी छूटने या कारोबार में घाटे जैसी अप्रत्याशित स्थितियों में ऋणदाता के वित्तीय नुकसान की भरपाई करती है।
  • यह बीमा सार्वजनिक या निजी बीमाकर्ताओं द्वारा प्रदान किया जा सकता है, और इसका मुख्य उद्देश्य लंबी अवधि के गृह ऋणों से जुड़े जोखिम को कम करना है।
  • ऑस्ट्रेलिया में, यदि ऋण राशि संपत्ति के क्रय मूल्य के 80% से अधिक होती है, तो उधारकर्ता के लिए बंधक बीमा कराना अनिवार्य हो जाता है।
  • भारत में यह कानूनी रूप से अनिवार्य नहीं है, लेकिन अधिकांश बैंक बिना बीमा के ऋण देने से इनकार कर देते हैं; बीमा राशि को ऋण में जोड़कर किस्तों के रूप में वसूला जाता है।
  • सिंगापुर में, हाउसिंग एंड डेवलपमेंट बोर्ड (एचडीबी) के मालिकों के लिए बंधक बीमा अनिवार्य है, यदि वे अपनी मासिक किस्तों का भुगतान अपने केंद्रीय भविष्य निधि (सीपीएफ) खातों से करते हैं, जबकि निजी घरों के मालिकों के लिए यह अनिवार्य नहीं है।