मौसम विज्ञान
ऋतुविज्ञान (मौसम विज्ञान) पृथ्वी के वायुमंडल का वैज्ञानिक अध्ययन है, जिसमें मौसम की प्रक्रियाओं और पूर्वानुमान पर मुख्य ध्यान दिया जाता है। इसका इतिहास प्राचीन है, जिसकी नींव अरस्तू (384-322 ई.पू.) की रचना 'मीटिअरोलॉजिका' से मानी जाती है, हालाँकि 18वीं शताब्दी तक इसमें विशेष प्रगति नहीं हुई। 17वीं शताब्दी में गैलीलियो (1607) द्वारा तापमापी और टॉरीसेली (1643) द्वारा वायुदाबमापी के आविष्कार ने इस क्षेत्र को नई दिशा दी। 20वीं शताब्दी के उत्तरार्ध में कंप्यूटर के उपयोग से मौसम की भविष्यवाणी में क्रांति आई, जिससे यह क्षेत्र अधिक सटीक और तीव्र हुआ। इस विज्ञान में ताप, वायुदाब, आर्द्रता, पवन (दिशा और वेग) तथा बादलों, वर्षा और ओले जैसे संघनन रूपों का प्रेक्षण किया जाता है। इसे मुख्य रूप से भौतिक/गतिक ऋतुविज्ञान, संक्षिप्त ऋतुविज्ञान (पूर्वानुमान) और जलवायु-तत्व (जलवायु विज्ञान) जैसी शाखाओं में विभाजित किया गया है।
Source: मौसम विज्ञान — Wikipedia · Summary by RollWiki AI · Language: Hindi